लेटेस्ट ख़बरे विधानसभा चुनाव ओपिनियन जॉब - शिक्षा विदेश मनोरंजन खेती टेक-ऑटो टेक्नोलॉजी वीडियो वुमन खेल बायोग्राफी लाइफस्टाइल

हिमाचल के सेब किसानों की केंद्र से मांग: तुर्की से सेब आयात पर लगे रोक, दुश्मन के समर्थकों को आर्थिक जवाब दो

हिमाचल के सेब किसानों ने तुर्की से सेब आयात पर बैन की मांग की। कहा, पाकिस्तान समर्थक देश को भारतीय बाजार न मिले। MIP ₹100/kg और आयात शुल्क में छूट न दी जाए।

हिमाचल के सेब किसानों ने तुर्की से भारत में सेब के आयात पर पूरी तरह बैन लगाने की मांग उठाई है। उनका कहना है कि जब भारत-पाकिस्तान के बीच हालात तनावपूर्ण थे, तब तुर्की ने खुलकर पाकिस्तान का साथ दिया। ऐसे में अब तुर्की से किसी तरह का व्यापार नहीं होना चाहिए।

किसानों की इस अपील की अगुवाई संयुक्त किसान मंच के संयोजक हरीश चौहान कर रहे हैं। उन्होंने एक प्रतिनिधिमंडल के साथ राज्यपाल के जरिए प्रधानमंत्री और राष्ट्रपति को इस बारे में ज्ञापन सौंपा।

गुस्सा साफ है: हमने मदद की, और बदले में धोखा मिला

बातचीत में हरीश चौहान ने कहा कि जब तुर्की में 2023 में भूकंप आया था, तो भारत ने इंसानियत के नाते मदद भेजी थी। लेकिन इसके बावजूद तुर्की ने पाकिस्तान का साथ देकर भारत के साथ विश्वासघात किया।

तुर्की सेब ने स्थानीय किसानों की कमर तोड़ दी

चौहान का कहना है कि भारत में सबसे ज्यादा सेब तुर्की से ही आ रहे हैं, जिससे हिमाचल के किसानों को जबरदस्त नुकसान हो रहा है। उन्होंने कहा, हमारे सेब बेल्ट के किसान बर्बाद हो गए हैं। ऐसे में अब तुर्की से सेब का आयात पूरी तरह रोका जाना चाहिए।

उन्होंने बताया कि हर साल भारत करीब 800 से 1000 करोड़ रुपये सेब आयात पर खर्च करता है और इसका बड़ा हिस्सा तुर्की को जाता है। जो देश हमारे दुश्मनों के साथ खड़े होते हैं, हमें उन्हें आर्थिक तौर पर कमजोर करना चाहिए।

देशभर से मिल रहा किसानों को समर्थन

चौहान ने कहा कि मध्यप्रदेश, जम्मू-कश्मीर और उत्तराखंड के किसान संगठन भी तुर्की के सेब के खिलाफ हो गए हैं। मैं पूरे देश के किसानों और व्यापारियों का शुक्रिया अदा करता हूं, जिन्होंने तुर्की का सेब न खरीदने की कसम खाई है।

whatsapp logoओबीसी आवाज चैनल को फॉलो करें

सरकार से मांग: कोई छूट नहीं, कीमत ₹100 किलो हो

प्रतिनिधिमंडल ने केंद्र से मांग की है कि आयात शुल्क में किसी तरह की छूट न दी जाए और सेब के लिए न्यूनतम आयात मूल्य ₹100 प्रति किलो तय किया जाए। उन्होंने आगाह किया कि तुर्की और अमेरिका जैसे देश जीरो ड्यूटी के लिए दबाव बना रहे हैं, और अगर सरकार झुकी, तो यह पहाड़ी राज्यों के किसानों के लिए बहुत भारी पड़ेगा।

ये सिर्फ फल की लड़ाई नहीं, आत्मसम्मान की बात है

हिमाचल के किसानों का कहना है कि ये सिर्फ सेब के दाम या आयात की बात नहीं है, ये राष्ट्रहित और आत्मनिर्भरता की लड़ाई है। जो देश भारत के खिलाफ खड़े होते हैं, उन्हें हमारे बाजार में जगह नहीं मिलनी चाहिए।

अब देखना ये है कि क्या सरकार इस मांग को मानकर तुर्की सेब के आयात पर बैन लगाती है या नहीं।

ताज़ा खबरों से अपडेट रहें! हमें फ़ॉलो जरूर करें X (Formerly Twitter), WhatsApp Channel, Telegram, Facebook रियल टाइम अपडेट और हमारे ओरिजिनल कंटेंट पाने के लिए हमें फ़ॉलो करें


शिवम कुमार एक समर्पित और अनुभवी समाचार लेखक हैं, जो वर्तमान में OBCAWAAZ.COM के लिए कार्यरत हैं। पत्रकारिता के क्षेत्र में गहरी रुचि रखने वाले शिवम निष्पक्ष, तथ्यात्मक और शोध-आधारित समाचार प्रस्तुत करने के लिए जाने जाते हैं। उनका प्रमुख फोकस सामाजिक मुद्दों, राजनीति, शिक्षा, और जनहित से जुड़ी खबरों पर रहता है। अपने विश्लेषणात्मक दृष्टिकोण और सटीक लेखन शैली के माध्यम से वे पाठकों तक विश्वसनीय और प्रभावशाली समाचार पहुँचाने का कार्य करते हैं। शिवम कुमार का उद्देश्य निष्पक्ष और जिम्मेदार पत्रकारिता के जरिए समाज में जागरूकता फैलाना और लोगों को सटीक जानकारी प्रदान करना है।

Leave a Comment